रतन इंडिया के विरोध में प्रतिकात्मक अंत्येष्टि आंदोलन
राख की मूल्य वृद्धि को लेकर वाहन चालक, संचालक, ईट भट्टी व्यवसायी संतप्त

* एक माह से राख का यातायात ठप
अमरावती /दि.23- रतन इंडिया उर्जा प्रकल्प व्यवस्थापन द्वारा राख के भाव में की गई बढोत्तरी के विरोध में विविध व्यवसायिक घटकों ने एकजूट होकर आंदोलन शुरु किया है. रतन इंडिया पॉवर प्लाँट के मटेरियल गेट के सामने यातायात संगठना के नेतृत्व में अंत्येष्टि आंदोलन कर तीव्र निषेध किया गया.
आंदोलनकर्ताओं के कहे मुताबिक राख के भाव पहले केवल एक रुपए प्रति टन अपेक्षित रहते प्रत्यक्ष में 50 रुपए प्रति टन किये गये. पश्चात अब अचानक यह भाव 150 रुपए प्रति टन किये जाने से वाहन चालक, संचालक ईट भट्टी संचालक, एएसी ब्लॉक उत्पादक और आरएमसी प्लाँट संचालक पर आर्थिक संकट आन पडा है. कर्ज निकालकर वाहन खरीदी किये अनेक वाहन संचालकों का व्यवसाय ही बंद पडने की कगार पर आया रहने का आरोप आंदोलनकर्ताओं ने किया है. मूल्यवृद्धि तत्काल पीछे ली जाये, अन्यथा आंदोलन और तीव्र करने की चेतावनी भी इस अवसर पर दी गई. प्रकल्प व्यवस्थापन की नीति के कारण हजारों परिवार पर भूखमरी की नौबत आने से रतन इंडिया उर्जा प्रकल्प के विरोध में अंत्येष्टि आंदोलन किया गया. इस अवसर पर अक्षय देशमुख, सचिन कापडे, महेंद्र शिरडे, बलवीर चव्हान, किशोर शेदरकर, राजू चिरडे, विशाल देशमुख, उमेश डोईफोडे, अंकुश झगडे, धीरज चव्हाण, सुधीर सूर्यवंशी, अनूप मोरे, अजय मोरवार, दरभजनसिंग टांक, विनोद डांगे, शुभम परलीकर, कुणाल इंगले, रोशन कापडे, प्रणिकेत थारकर, कलिराम देशमुख, समेत अनेक ब्रिक्स उद्योजक, ट्रान्सपोर्ट संगठना के पदाधिकारी, चालक व संचालक बडी संख्या में उपस्थित थे.