तुकाराम मुंढे का तबादला नहीं होगा
मंत्री नरहरी झीरवाल की विधानसभा में घोषणा

मुंबई /दि.25– राज्य में गैरकानूनी गुटखा बिक्री, खाद्य पदार्थ में मिलावट, नकली दवाई के विरोध में जारी कार्रवाई के कारण चर्चा में आए अन्न व औषध प्रशासन विभाग में आवश्यक संसाधनो का का अभाव है. विभाग की अवस्था दयनीय रहने की कबूली विभाग केे मंत्री नरहरी झीरवाल ने विधानसभा में ध्यानाकर्षण सूचना के जवाब में दी.
मिलावटखोरो के खिलाफ कार्रवाई करनेवाले आयुक्त तुकारान मुंढे का तीन साल तबादला न करने की मांग सर्वदलीय विधायको ने चर्चा में की. इस पर मुंढे का तबादला नहीं किय.ा जाएगा, ऐसी घोषणा झीरवाल ने दी. साथ ही दूध मिलावटखोरो के विरोध में मकोका कानून के तहत कार्रवाई होने के लिए विधेयक लाया जाएगा, ऐसा भी उन्होंने कहा.
* किराए पर लेना पडता है वाहन
अन्न व औषध प्रशासन विभाग की खुद की प्रयोगशाला नहीं है. नाशिक, पुणे, नागपुर और यवतमाल में विभाग की खुद की प्रयोगशाला जलेद शुरू की जाएगी. अधिकारियों के लिए किराए के वाहन लिए जाएंगे.
* औषध निरीक्षकों के मंजूर पद 200, भर्ती केवल 41
– एनसीपी (अजीत पावर) काशीनाथ दाते ने ध्यानाकार्षण में सूचना रखी थी. इस अवसर पर हुई चर्चा में जवाब देते हुए झीरवाल ने विभाग में रही कमी की जानकारी दी. विभाग के 350 मंजूर पदो में से 316 कार्यरत है. 46 पद रिक्त है.
– औषध निरीक्षको के 200 पद मंजूर है. इसमें से 159 पद भरे गए है. अन्न सुरक्षा अधिकारी के 197 पद भरे गए है. औषध निरीक्षक पद के लिए 400 कर्मचारियों की आवश्यकता है.
– केंद्र सरकार की नीति के मुताबिक एक हजार अन्न आस्थापनाओं को एक अधिकारी की आवश्यकता है. इसके मुताबिक राज्य में 1100 कर्मचारियों की आवश्यकता है. जिलास्तर पर विभाग के कार्यालय नहीं है, इस बात का खेद भी झीरवाल ने इस अवसर पर व्यक्त किया.
* तबादले के लिए 250 करोड रुपए जमा
तुकाराम मुंढे का तबादला करने के लिए दवाई कंपनियों ने 250 करोड रुपए इकठ्ठा किए रहने का दावा राकांपा (शरद पवार) के जीतेंद्र आवेहाड ने इस अवसर पर किया.





