6600 वर्ग फीट भूमि हेतु देने होंगे 5.4 करोड
इर्विन चौक के बाबासाहब स्मारक का रास्ता साफ

* 10 वर्षों की प्रदीर्घ कानूनी लडाई
अमरावती /दि.20- इर्विन चौक स्थित भारतरत्न बाबासाहब आंबेडकर के प्रेरणादायी स्मारक हेतु भूमि के हस्तांतरण का 10 वर्षों से प्रलंबित प्रकरण आखिरकार हल हो गया है. बंबई उच्च न्यायालय के निर्णय से भूमि हस्तांतरण संभव होने जा रहा है. इतना जरुर है कि, 6 हजार 600 वर्ग फीट भूमि के लिए अब स्मारक समिति को 5 करोड 40 लाख रुपए चुकाने पड सकते हैं. जबकि आरंभ में इसी भूमि की मूल कीमत 1 करोड 62 लाख रुपए बताई गई थी. उस समय प्रति वर्ग फीट 27 हजार रुपए रेट आंके गए थे.
* जिलाधीश के पास जमा राशि
प्रा. प्रदीप दंदे ने जानकारी देते हुए बताया कि, बाबासाहब के भव्य स्मारक हेतु 3 करोड 30 लाख रुपए का फंड जमा किया गया था. महापालिका की स्थायी समिति ने इस बारे में प्रस्ताव पारित किया था. प्रकाश बनसोड, प्रदीप दंदे और अन्य के प्रयासों से यह प्रस्ताव पारित हुआ था. अब ताजा रेट से मालिकाना हक हेतु भूमि के 5 करोड 40 लाख चुकाने होंगे. अत: 2 करोड की निधि का प्रावधान करना चुनौतीपूर्ण हो सकता है. जिलाधीश के पास महापालिका ने 3 करोड 30 लाख रुपए जमा करा दिए थे. पूर्व सांसद नवनीत राणा ने भी स्मारक के लिए एक करोड का फंड मंजूर करवाया था. शेष राशि के लिए महापालिका को नया आर्थिक प्रावधान करना पड सकता है.
* किसका रहा योगदान
मनपा के तत्कालीन 28 नगरसेवकों ने डीपीसी निधि से 5-5 लाख रुपए दिए. उसी प्रकार पूर्व राज्य मंत्री और विधायक प्रवीण पोटे पाटिल ने विधायक निधी से एक करोड दिए. अमरावती महापालिका ने एक करोड की राशि प्रदान की. अब सभी हिसाब जोडने पर केवल जमीन के वास्ते 5 करोड 40 लाख देने होंगे.
* कैसे महंगी हुई जमीन
जानकारों ने बताया कि, 10 वर्षों से उपरोक्त जमीन बाबासाहब के भव्य स्मारक हेतु अधिग्रहण करने का मसला चल रहा था. जिसमें जगह की मूल कीमत 1 करोड 62 लाख रुपए आंकी गई थी, मगर कानून-कायदे के अनुसार डबल रेट से भूमि ली जा रही है. अत: 3 करोड 25 लाख रुपए का भुगतान करना होगा. उसी प्रकार 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी अदा करना होगा. ब्याज की राशि डेढ करोड से अधिक हो जाने का अनुमान बताया जा रहा है. भूमि अधिग्रहण पश्चात स्मारक के नवनिर्माण का भी खर्च रहेगा.