स्वास्थ्य के लिए सुबह लें जूस और सजाएं सप्तरंगी थाली
डॉ. प्रविणा काले का प्रतिपादन

* नरहरी मंगल कार्यालय में ‘द पावर ऑफ जूसिंग’ कार्यशाला
अमरावती/दि.27- भरपेट भोजन करने से केवल पेट भरता है, लेकिन शरीर को आवश्यक पोषण मिले यह जरूरी नहीं है. इसलिए आहार संतुलित और सर्वसमावेशक होना चाहिए. हर रंग की सब्जी प्रकृति द्वारा दिया गया एक अलग औषधि समान है. हमारी थाली इंद्रधनुष के समान विभिन्न रंगों से सजी होनी चाहिए और रोजाना के आहार में सुबह फलों अथवा फल-सब्जियों के ताजे जूस का समावेश करना चाहिए. सुबह लिया गया जूस अधिक लाभदायक होता है, लेकिन समय की कमी होने पर दिन में किसी भी समय इसका सेवन कर स्वास्थ्य की देखभाल की जा सकती है, ऐसा प्रतिपादन लाइफस्टाइल मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. प्रविणा काले-शेगोकार ने किया.
इस अवसर पर डॉ. काले ने प्री -डायबिडीज, मधुमेह रक्त में लिपिड का बढता प्रमाण , मोटापा ,फैटीलिव्हर अथवा युरीक अॅसीड बढनेवाले व्यक्तिओं को जूस लेने की सलाह दी. कार्यक्रम में विश्वस्त आनंद दशपुते, गोविंद जोग, अविनाश भोजापुरे, डॉ. मानसी कविमंडल, डॉ. अमित कविमंडन, डॉ. श्रीकांत शेगोकार, डॉ. प्रज्ञा बनसोड, डॉ. सुमीत पात्रिकर, डॉ. प्राजक्ता पात्रिकर, श्रीमती शेगोकार, डॉ. विधी तुलशान, स्वाती दशपुते, वनिता कविमंडन, राजेंद्र मालोदे, उषा बोधनकर सहित विविध क्षेत्र के मान्यवर बडी संख्या में उपस्थित थे.





