30 मई से मनोज जरांगे फिर भूख हडताल पर
हैदराबाद जीआर सहित अन्य मांगे

* मंत्रिमंडल उपसमिति को बर्खास्त करें
जालना/दि.16 – मराठा आंदोलनकारी मनोज जरांगे पाटिल ने लंबित मांगों के लिए एक बार फिर आमरण अनशन करने की घोषणा की है. आने वाले 30 मई को जालना जिले के अंतरवाली सराटी स्थित अपने गांव में वे अनशन पर बैठेंगे. राज्य सरकार के पास लंबित हैदराबाद जीआर के प्रमाणपत्रों सहित अन्य मांगों के लिए वे अनशन पर बैठेंगे. मराठा आंदोलन की अगली दिशा तय करने के लिए मनोज जरांगे पाटिल ने अंतरवाली सराटी में एक बैठक बुलाई थी, इसी दौरान उन्होंने यह घोषणा की है.
देवेंद्र फडणवीस पर साधा निशाना अपने भाषण में जरांगे पाटिल ने देवेंद्र फडणवीस पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा, आपने हैदराबाद जीआर निकाला, तो फिर अब प्रमाणपत्र क्यों रोक दिए? अधिकारियों के अनुसार, सरकार ने प्रमाणपत्र देने से इनकार कर दिया है. उन्होंने चेतावनी दी कि सभी मराठों को कुणबी प्रमाणपत्र दिया जाए, अन्यथा आंदोलन होकर ही रहेगा. जीआर की मांग सरकार को 8 महीने का समय दिया था, अब समय नहीं देंगे. सरकार 1994 के जीआर की तर्ज पर हैदराबाद, सतारा, पुणे और औंध गजट का जीआर निकाले, ऐसी मांग उन्होंने की.
विरोधियों और साजिशों पर टीका-टिप्पणी जरांगे पाटिल ने दावा किया कि हमारे खिलाफ बोलने के लिए एक मंत्री ने कुछ संगठनों को 2-2 करोड़ रुपये दिए हैं. साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि मराठा समाज में फूट डालने की कोशिश की जा रही है. विद्वानों/विशेषज्ञों की बैठक इस जीआर के संदर्भ में चर्चा करने के लिए जरांगे पाटिल ने 28 मई को राज्य के विशेषज्ञों (अभ्यासकों) से अंतरवाली सराटी आने का आह्वान किया है.





