खुले खाद्य तेल की बिक्री पर एक साल की राहत, सरकार ने बढ़ाई समय सीमा
एफडीए और व्यापारियों की संयुक्त समिति बनेगी, कानून के अनुरूप बदलाव करना होगा अनिवार्य

मुंबई /दि.2– खुले खाद्य तेल की बिक्री पर प्रस्तावित प्रतिबंध को लेकर राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बैठक के बाद खुले खाद्य तेल की बिक्री पर कार्रवाई को एक वर्ष के लिए स्थगित करने की घोषणा की. इस निर्णय से खाद्य तेल व्यापारियों और छोटे विक्रेताओं को फिलहाल राहत मिली है.
मुख्यमंत्री फडणवीस ने स्पष्ट किया कि खाद्य तेल की गुणवत्ता और उपभोक्ताओं की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है, लेकिन यह भी ध्यान रखना आवश्यक है कि राज्य में बड़ी संख्या में ऐसे गरीब और निम्न आय वर्ग के परिवार हैं, जो अपनी आर्थिक क्षमता के अनुसार कम मात्रा में खुला तेल खरीदते हैं. ऐसे परिवारों की जरूरतों को देखते हुए सरकार ने फिलहाल प्रतिबंध लागू करने का निर्णय टाल दिया है.
* एफडीए और व्यापारियों की संयुक्त समिति का गठन
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि खाद्य तेल कारोबार से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए अन्न एवं औषध प्रशासन (एफडीए) तथा व्यापारियों की एक संयुक्त समिति बनाई जाएगी. इस समिति में खाद्य तेल व्यापारी, खुदरा विक्रेता, उत्पादक और संबंधित विभागों के अधिकारी शामिल होंगे. समिति का उद्देश्य खाद्य तेल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के साथ-साथ व्यापारियों को होने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों का अध्ययन करना तथा कानून के अनुरूप आवश्यक सुधारों और बदलावों के लिए सुझाव देना होगा.
* एक वर्ष बाद नहीं मिलेगी और राहत
मुख्यमंत्री फडणवीस ने साफ शब्दों में कहा कि खुले खाद्य तेल की बिक्री पर कार्रवाई को केवल एक वर्ष के लिए स्थगित किया जा रहा है. इसके बाद इस अवधि को आगे बढ़ाने की संभावना नहीं है और सभी व्यापारियों को कानून का पालन करना ही होगा. उन्होंने कहा कि अगले एक वर्ष के दौरान खाद्य तेल व्यवसाय से जुड़े सभी व्यापारियों, विक्रेताओं और संबंधित संस्थाओं को अपनी व्यावसायिक व्यवस्था में आवश्यक बदलाव कर कानून के अनुरूप ढालना होगा.
* व्यापारियों ने किया निर्णय का स्वागत
सरकार के इस निर्णय का खाद्य तेल व्यापारियों ने स्वागत किया है. व्यापारिक संगठनों का कहना है कि अचानक प्रतिबंध लागू होने से हजारों छोटे व्यापारियों और ग्राहकों पर असर पड़ता. एक वर्ष की अतिरिक्त अवधि मिलने से उन्हें अपनी व्यवस्था सुधारने और नए नियमों के अनुरूप खुद को तैयार करने का अवसर मिलेगा.
* गुणवत्ता और सुरक्षा पर रहेगा सरकार का फोकस
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि समय सीमा बढ़ाने का अर्थ गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों में कोई ढील देना नहीं है. एफडीए खाद्य तेल की गुणवत्ता, मिलावट रोकने और उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए निगरानी जारी रखेगा. सरकार के इस फैसले से फिलहाल खुले खाद्य तेल के व्यापार से जुड़े हजारों कारोबारियों को राहत मिली है, वहीं उपभोक्ताओं को भी अपनी जरूरत और क्षमता के अनुसार तेल खरीदने की सुविधा अगले एक वर्ष तक जारी रहेगी.





