टीईटी परीक्षा अब ऑनलाइन कराने की तैयारी
शिक्षा मंत्री दादा भुसे ने दी जानकारी, मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बनेगी समिति

* टीईटी पेपर लीक मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित, आरोपियों पर मकोका लगाने पर भी विचार
मुंबई/दि.29- महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पेपर लीक मामले में राज्य सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए भविष्य में टीईटी समेत अन्य महत्वपूर्ण परीक्षाएं ऑनलाइन आयोजित करने की दिशा में कदम बढ़ाए हैं. राज्य के मंत्री दादा भुसे ने विधानसभा में जानकारी देते हुए बताया कि परीक्षाओं को ऑनलाइन कराने की संभावनाओं का अध्ययन करने के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समिति गठित की जाएगी.
भिवंडी पुलिस द्वारा हाल ही में टीईटी पेपर लीक रैकेट का पर्दाफाश किए जाने के बाद सरकार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है. मंत्री भुसे ने बताया कि इस पूरे नेटवर्क की गहन जांच की जा रही है तथा आरोपियों पर महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण कानून (मकोका) लगाने की संभावना भी जांच के दायरे में है.
* तीन आरोपी गिरफ्तार, डेढ़ करोड़ के सौदे का खुलासा
बता दे कि भिवंडी के कोनगांव पुलिस थाने में दर्ज मामले के तहत पुलिस ने बिहार और हरियाणा के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों में राजीव प्रयाग शाम (45), आकाश कुमार स्वराज कुमार (30) और धीरज बलराज सिंह (28) शामिल हैं. पुलिस ने इनके कब्जे से टीईटी परीक्षा के चार प्रश्नपत्र सेट बरामद किए हैं. जांच में सामने आया है कि प्रश्नपत्र बेचने के लिए करीब 1.5 करोड़ रुपये का बड़ा आर्थिक लेन-देन होने वाला था. इस खुलासे के बाद शिक्षा जगत और परीक्षार्थियों में भारी चिंता व्याप्त है.
* बड़ी मात्रा में दस्तावेज और सामग्री जब्त
पुलिस ने आरोपियों के पास से मोबाइल फोन, डेबिट और एटीएम कार्ड, पैन कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, भारतीय और नेपाली मुद्रा, नकदी, बैंक चेक, प्रेस पहचान पत्र, लोक जनशक्ति पार्टी के कार्ड सहित कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और सामग्री जब्त की है. मामले में हरियाणा निवासी कपिल दहिया और बिहार निवासी बिजेंद्र कुमार अभी फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश जारी है.
* एसआईटी करेगी अंतरराज्यीय नेटवर्क की जांच
प्रारंभिक जांच में इस पेपर लीक रैकेट के तार बिहार, हरियाणा, दिल्ली, आगरा सहित कई राज्यों से जुड़े होने की आशंका जताई गई है. मामले की व्यापकता को देखते हुए ठाणे पुलिस आयुक्तालय की अपराध शाखा ने डीसीपी पवन बनसोड के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है. यह टीम राज्य और देशभर में फैले इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है. जांच के लिए पुलिस की विशेष टीमें बिहार, हरियाणा और दिल्ली रवाना की गई हैं.
* मकोका लगाने की तैयारी
पुलिस के अनुसार यह रैकेट संगठित तरीके से संचालित किया जा रहा था. ऐसे में आरोपियों पर मकोका लगाने के लिए कानूनी पहलुओं की जांच की जा रही है. अधिकारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में जांच के दौरान कई और बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं. राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता बनाए रखने और पेपर लीक जैसी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए कठोर कार्रवाई की जाएगी तथा भविष्य में तकनीक आधारित सुरक्षित परीक्षा प्रणाली लागू करने पर जोर दिया जाएगा.





