बीड के छात्र की औरंगाबाद हाईकोर्ट में याचिका
522 अंक का दावा, स्कोरकार्ड में सिर्फ 95 अंक

* कल हो सकती है सुनवाई
छत्रपति संभाजी नगर/दि.22 – देशभर में नीट-यूजी 2026 परीक्षा में कथित गडबडियों को लेकर चल रहे विवाद के बीच अब मामला न्यायालय पहुंच गया है. बीड जिले के छात्र शुभम नितिन गवते ने अपने परिणाम में गंभीर विसंगति का आरोप लगाते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट की औरंगाबाद खंडपीठ में याचिका दायर की है. छात्र का दावा है कि, उसकी ओएमआर उत्तर पत्रिका और आधिकारिक आंसर-की के अनुसार उसे 720 में से 522 अंक मिलने चाहिए थे, लेकिन राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) द्वारा जारी स्कोरकार्ड में केवल 95 अंक दिए गए है. हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के लिए 23 जुलाई की तारीख तय की है.
* 16 जुलाई को घोषित हुआ था परिणाम
16 जुलाई को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने नीट-यूजी 2026 का परिणाम घोषित किया था. परिणाम जारी होने के बाद छात्र ने अपनी ओएमआर उत्तर पत्रिका और आधिकारिक उत्तर कुंजी का मिलान किया. इसके अनुसार उसके 522 अंक बन रहे थे. लेकिन अंक पत्र में केवल 95 अंक दर्ज किए गए. उनका कहना है कि, उपलब्ध दस्तावेज और रिकॉर्ड प्रथम दृष्ट्या छात्र के दावे का समर्थन करते हैं, इसलिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई है.
* एनटीए को सात बार भेजी शिकायत, जवाब नहीं मिला
छात्र शुभम गवते ने परिणाम में विसंगति सामने आने के बाद राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) को सात बार ई-मेल के जरिए शिकायत भेजी. फोन पर भी संपर्क करने का प्रयास किया. छात्र का आरोप है कि, एनटीए ने 16 घंटे के भीतर शिकायत का समाधान करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला.





