क्रिप्टोकरेंसी और फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर 69.10 लाख की ठगी
10 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज, दो आरोपी गिरफ्तार

एक नाबालिग हिरासत में-अमरावती में बड़ा निवेश रैकेट सामने आया
अमरावती/दि.6 – क्रिप्टोकरेंसी और फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश कर हर महीने भारी मुनाफा कमाने का लालच देकर अमरावती में करीब 69 लाख 10 हजार रुपए की धोखाधड़ी किए जाने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है. राजापेठ पुलिस ने इस मामले में स्थानीय लोगों समेत 10 आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है. पुलिस ने इनमें से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक नाबालिग को हिरासत में लिया गया है. पुलिस के मुताबिक इस मामले का दायरा काफी बड़ा हो सकता है और रैकेट ने अमरावती शहर के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी अपना नेटवर्क फैलाया था.
राजापेठ पुलिस थाने में दर्ज शिकायत के मुताबिक मंगरुल दस्तगीर निवासी शिकायतकर्ता दिलीप कृष्ण भील (45) और उनके 9 परिचितों को आरोपियों ने ऑनलाइन निवेश योजनाओं में पैसा लगाने के लिए प्रेरित किया. आरोपियों ने बॉट ब्रो, फॉरेक्स ट्रेडिंग और टीएलसी 2.0 कॉइन जैसी विभिन्न योजनाओं में निवेश करने पर आकर्षक रिटर्न मिलने का भरोसा दिलाया.
* शुरुआत में 5 से 7 प्रतिशत रिटर्न देकर जीता भरोसा
शिकायत के मुताबिक निवेशकों का विश्वास जीतने के लिए शुरुआत में कुछ महीनों तक उन्हें 5 से 7 प्रतिशत तक का रिटर्न दिया गया. इससे निवेशकों का भरोसा बढ़ गया और उन्होंने बड़ी रकम इन योजनाओं में लगा दी. इसके बाद अचानक निवेशकों को मिलने वाला मुनाफा बंद हो गया. आरोप है कि संबंधित कंपनी लगातार अपना नाम बदलती रही और निवेशकों को उनके पैसे वापस करने के संबंध में टालमटोल वाले जवाब दिए जाते रहे. जब काफी समय बीतने के बाद भी रकम वापस नहीं मिली तो निवेशकों को अपने साथ धोखाधड़ी होने का संदेह हुआ और उन्होंने पुलिस से संपर्क किया.
* फरवरी-2026 तक नहीं मिली रकम
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने निवेशकों को कंपनी की गतिविधियों और निवेश की सुरक्षा को लेकर भरोसा दिलाया था. शिकायतकर्ता के मुताबिक फरवरी-2026 तक न तो निवेश पर कोई लाभ दिया गया और न ही मूल निवेश की रकम वापस की गई. इसके बाद एक महिला और सुनील पांडे ने निवेशकों से रकम वापस लेने की प्रक्रिया के संबंध में बात की और कथित तौर पर कहा कि 90 दिनों के भीतर पूरी रकम लौटा दी जाएगी. हालांकि, शिकायतकर्ता का कहना है कि निर्धारित अवधि बीतने के बावजूद आज तक कोई रकम वापस नहीं मिली.
* इन लोगों के खिलाफ मामला
राजापेठ पुलिस ने मामले में सुनील पुंडलिक पांडे (45, दस्तूरनगर), मनोज रामदास सोनटक्के (बिच्छू टेकड़ी, अमरावती), कंपनी के प्रमोटर प्रमोद प्रजापति और आमिर खान (दोनों मुंबई) तथा कंपनी के मालिक लविश चौधरी उर्फ नवाब अली (मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश) के खिलाफ मामला दर्ज किया है. इनके अलावा तीन स्थानीय महिलाओं और एक नाबालिग के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है. पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि नाबालिग को हिरासत में लिया गया है. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं तथा अमरावती और आसपास के क्षेत्रों से कितनी रकम जुटाई गई है.
* शहर और ग्रामीण क्षेत्र में फैला था नेटवर्क
राजापेठ थानेदार संदीप चव्हाण के अनुसार, प्रारंभिक जांच में इस मामले का दायरा काफी बड़ा दिखाई दे रहा है. पुलिस को आशंका है कि आरोपियों ने अमरावती शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी निवेश के नाम पर लोगों को अपने जाल में फंसाया हो सकता है. फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और निवेशकों की संख्या, कुल रकम तथा कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है. इस मामले में आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा रहा है.





