टायर फूटने से टैक्सी पलटी, एक मृत, 9 घायल
चालक और क्लीनर फरार

* वाशिम जिले के रिसोड-मालेगांव महामार्ग की घटना
वाशिम /दि.25– जिले के रिसोड-मालेगांव महामार्ग पर बिबखेड के पास यात्रियों से भरे एक निजी वाहन का टायर फूटने से भीषण दुर्घटना हुई. इस हादसे में 17 यात्रियों में से एक की घटनास्थल पर मृत्यु हो गई. जबकि 9 लोग गंभीर रुप से घायल हो गए. घायलों में कुछ की हालत गंभीर बताई जाती है.
जानकारी के मुताबिक संबंधित निजी वाहन डोणगांव से रिसोड की तरफ आ रहा था. रिसोड शहर से तीन किलोमीटर दूरी पर स्थित बिबखेड परिसर में वाहन का अचानक टायर फूट गया. इस कारण चालक का वाहन पर से संतुलन बिगड गया और वाहन महामार्ग ने नीचे उतरकर पलटी हो गया. इस दुर्घटना में नावली ग्राम निवासी संतोष गवली (36) की घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई. संतोष गवली यह पत्नी और बेटे के साथ नावली से रिसोड की तरफ आ रहा था. लेकिन यात्रा समाप्त होने में कुछ अंतर ही शेष रहते नियती को कुछ और मंजूर था. दुर्घटना के बाद वाहन चालक और क्लीनर घटनास्थल से फरार हो गए. घायलों को तत्काल शासकीय अस्पताल में भर्ती किया गया. घायलों में से 4 से 5 लोगों की हालत गंभीर रहने की जानकारी डॉक्टरों ने दी.
इस घटना के बाद वाशिम जिले में जारी अवैध यात्री परिवहन का प्रश्न फिर से निर्माण हो गया है. अनेक मार्ग पर फिटनेस प्रमाणपत्र न रहने वाहनों से क्षमता से अधिक यात्रियों का यातायात किया जाने का आरोप होने लगा है. ऐसे वाहनों के कारण बार-बार दुर्घटना घटित होती है और निष्पाप नागरिकों की जान जा रही है. इस पृष्ठभूमि पर अवैध यातायात पर कडी कार्रवाई करने की मांग होने लगी है. परिवहन विभाग और पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी प्रश्नचिन्ह उपस्थित किया जा रहा है.
* महिला के आक्रोश से सभी की आंखें भर आई
‘आय उठो ना, मुझे और अपने बच्चे को ऐसे बीच रास्ते में छोडकर कैसे गए? आंखें खोलिएं ना…’ मासूम को अपने कोख में लेकर खून से सनी हालत में मृतावस्था में पडे पति के शव की तरफ देखकर एक अभागी पत्नी के इन वेदनादायी शब्दों को सुनकर घटनास्थल पर उपस्थित सभी नागरिकों की आंखें भर आई. हसता-खेलता संसार परभर में उद्धवस्त हो गया. गवली परिवार अपने बच्चे के साथ हंसी-खुशी सफर कर रहा था. वाहन में उनकी बातचीत शुरु थी. सफर समाप्त होने को और गाडी से उतरने में कुछ मिनट शेष रहते काल ने घात किया. पति को मृतावस्था में देख पत्नी फफककर रोने लगी. उसके आक्रोश को देखकर सहायता के लिए दौडे नागरिक भी अपने आंसू नहीं रोक पाए.





