शहर के रिहायशी इलाके रूख्मिणी नगर की विजय कॉलनी में
युवक का पंजा काटकर निर्मम हत्या

* आज सुबह 8 बजे चार युवकों ने घटना को दिया अंजाम
* मृतक युवक के सीने, गले व पेट पर चाकू के वार
* मृतक युवक का कटा हुआ पंजा दो घंटे तक सडक पर पडा रहा
* घटनास्थल वाली गली में 10 मीटर तक सडक खून से सन गई थी
* रूख्मिणी नगर, राजेंद्र कॉलनी व विजय कॉलनी में हत्या से सनसनी
* एक युवती के साथ सोशल मीडिया पर चैटिंग बनी हत्या की वजह
* सूचना मिलते ही सीपी राकेश ओला व दोनों डीसीपी तुरंत आए हरकत में
* वारदात में लिप्त रहनेवाले तीन आरोपी लिए गए हिरासत में
* मामले की सरगर्मी से जांच जारी, मृतक का शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों के हवाले
अमरावती/दि.15- शहर के राजेंद्र कॉलोनी-विजय कॉलोनी परिसर में मंगलवार सुबह हुई एक सनसनीखेज हत्या की वारदात ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया. ताजनगर निवासी आफाक शेख अकील नामक युवक की चाकू और कोयते से हमला कर निर्मम हत्या कर दी गई. हमले की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हमलावरों के वार से आफाक का एक हाथ का पंजा शरीर से अलग होकर घटनास्थल पर जा गिरा, जबकि उसके गले और सीने पर भी कई घातक वार किए गए. गंभीर रूप से घायल आफाक को इर्विन अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उपचार के दौरान सुबह लगभग 9.30 बजे उसकी मौत हो गई. घटना की जानकारी मिलते ही फ्रेजरपुरा पुलिस, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और फॉरेंसिक टीम सक्रिय हो गई. पुलिस ने घटनास्थल और अस्पताल में समानांतर जांच शुरू करते हुए कई महत्वपूर्ण सुराग जुटाए हैं. प्रारंभिक जांच में यह मामला एक नाबालिग युवती से सोशल मीडिया पर चैटिंग को लेकर हुए विवाद से जुड़ा बताया जा रहा है.
* घटनास्थल पर मिला कटा हुआ पंजा, खून से सनी मिली सड़क
मंगलवार सुबह करीब 8 बजे स्थानीय नागरिकों ने राजेंद्र कॉलोनी-विजय कॉलोनी क्षेत्र स्थित पोरवाल सिमेंट डिपो के पास सड़क पर बड़ी मात्रा में खून फैला हुआ देखा. कुछ ही दूरी पर इंसानी हाथ का कटा हुआ पंजा पड़ा मिला. यह दृश्य देखकर क्षेत्र में दहशत फैल गई और लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी. इसी दौरान यह जानकारी भी सामने आई कि इर्विन अस्पताल में आफाक शेख नामक युवक को गंभीर हालत में भर्ती कराया गया है. उसके गले, सीने और शरीर के अन्य हिस्सों पर तेजधार हथियारों के कई वार थे तथा उसका एक पंजा भी कट चुका था. कुछ ही समय बाद सुबह लगभग 9.30 बजे उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई. दोनों घटनाओं को जोड़ते हुए पुलिस ने तुरंत मामले की जांच शुरू की और फॉरेंसिक विशेषज्ञों के साथ घटनास्थल तथा अस्पताल पहुंचकर विस्तृत पंचनामा किया.
* सुबह 6 बजे दोस्तों के साथ घर से निकला था आफाक
पुलिस जांच में सामने आया है कि ताजनगर निवासी आफाक शेख मंगलवार सुबह करीब 6 बजे अपने दो दोस्तों आरिब याह्या (जमील कॉलोनी) और मोहम्मद अब्बान (छाया नगर) के साथ घर से निकला था. तीनों सबसे पहले कोर्ट परिसर पहुंचे, जहां उन्होंने एक कैंटीन में चाय पी. इसके बाद वे राजेंद्र कॉलोनी-विजय कॉलोनी क्षेत्र की ओर गए. यहीं पर उनकी कुछ युवकों से मुलाकात हुई और देखते ही देखते बातचीत विवाद में बदल गई. कुछ ही क्षणों में विवाद हिंसक रूप ले बैठा और आरोपियों ने चाकू तथा कोयते से हमला बोल दिया.
* गर्दन पर वार रोकने के प्रयास में कट गया हाथ का पंजा
घटना के प्रत्यक्षदर्शी और आफाक के मित्र आरिब याह्या ने पुलिस को बताया कि हमलावरों में से एक युवक ने कोयते से आफाक की गर्दन पर वार करने का प्रयास किया. आफाक ने अपनी जान बचाने के लिए हाथ आगे कर वार रोकने की कोशिश की. लेकिन कोयते का वार इतना तेज था कि उसका पंजा हथेली से कटकर अलग हो गया. इसके बावजूद हमलावर नहीं रुके और उन्होंने आफाक पर चाकू व अन्य धारदार हथियारों से लगातार वार किए. गले, सीने और शरीर के अन्य हिस्सों पर कई घातक वार लगने से आफाक बुरी तरह घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा.
* दोस्त आरिब ने अस्पताल पहुंचाया, लेकिन नहीं बच सकी जान
आरिब याह्या के अनुसार, हमला करने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए. इसके बाद उसने घायल आफाक को तत्काल उपचार के लिए इर्विन अस्पताल पहुंचाया और पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी. डॉक्टरों ने आफाक को बचाने का प्रयास किया, लेकिन अत्यधिक रक्तस्राव और गंभीर चोटों के कारण उसकी मौत हो गई.
* सोशल मीडिया चैटिंग से शुरू हुआ विवाद
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस हत्याकांड की जड़ एक नाबालिग युवती से सोशल मीडिया पर की गई चैटिंग बताई जा रही है. बताया जाता है कि शेगांव नाका क्षेत्र में रहने वाली एक नाबालिग युवती का कथित रूप से देवांश (काल्पनिक नाम) नामक युवक के साथ प्रेम संबंध था और दोनों सोशल मीडिया पर नियमित रूप से बातचीत करते थे. करीब तीन-चार माह पहले आरिब याह्या को किसी माध्यम से उक्त युवती का मोबाइल नंबर मिल गया. इसके बाद उसने युवती को संदेश भेजना शुरू कर दिया. युवती ने इसका जवाब नहीं दिया और पूरी जानकारी देवांश को दे दी. इसके बाद देवांश ने फोन पर संपर्क कर आरिब को ऐसा न करने की समझाइश दी. कुछ दिनों तक मामला शांत रहा, लेकिन बाद में आरिब ने पुनः युवती को सोशल मीडिया पर संदेश भेजना शुरू कर दिया. इस बार देवांश ने नाराजगी जताते हुए आरिब को चेतावनी दी और आमने-सामने मिलने पर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी.
* विवाद सुलझाने के लिए तय हुई थी मुलाकात
देवांश से मिली धमकी की जानकारी आरिब ने अपने दोस्तों आफाक शेख और मोहम्मद अब्बान को दी. इसके बाद तीनों ने बातचीत के जरिए विवाद समाप्त करने का निर्णय लिया. मामले में मध्यस्थता के लिए युवती की एक सहेली एकता (काल्पनिक नाम) की मदद ली गई. चूंकि वह दोनों पक्षों को जानती थी, इसलिए उसने मुलाकात करवाने की जिम्मेदारी स्वीकार कर ली. मंगलवार सुबह आरिब, आफाक और अब्बान कोर्ट परिसर के पीछे पहुंचे, जहां एकता पहले से मौजूद थी. वहीं से एकता ने देवांश को फोन कर कोर्ट या कैंप क्षेत्र में आने को कहा, लेकिन उसने वहां आने से इनकार करते हुए सभी को राजेंद्र कॉलोनी के एक बगीचे के पास बुलाया. इसके बाद तीन युवक और युवती दो दुपहिया वाहनों पर सवार होकर राजेंद्र कॉलोनी पहुंचे, जहां पहले से दूसरा पक्ष मौजूद था.
* पहले बातचीत, फिर अचानक शुरू हुआ खूनी संघर्ष
पुलिस सूत्रों के अनुसार, राजेंद्र कॉलोनी में दोनों पक्षों के बीच प्रारंभ में लगभग पांच से सात मिनट तक सामान्य बातचीत हुई. इसके बाद बहस शुरू हुई और देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया. उस समय आरिब और अब्बान कुछ दूरी पर खड़े थे, जबकि आफाक सीधे देवांश के सामने खड़ा होकर बातचीत कर रहा था. इसी दौरान देवांश के साथ मौजूद एक नाबालिग युवक ने अचानक अपने पास रखा कोयता निकाल लिया और आफाक पर हमला कर दिया. पहला वार ही इतना घातक था कि आफाक का पंजा कटकर अलग हो गया. इसके बाद अन्य हमलावरों ने भी चाकू और कोयते से लगातार वार किए.
* युवती को लेकर भागा अब्बान, आरिब ने किया बचाव का प्रयास
हमले के दौरान मोहम्मद अब्बान ने साथ आई युवती को सुरक्षित निकालने के उद्देश्य से उसे दुपहिया वाहन पर बैठाया और वहां से चला गया. दूसरी ओर आरिब याह्या ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन तब तक आफाक पर कई घातक वार हो चुके थे. गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिरते ही हमलावर वहां से फरार हो गए. इसके बाद आरिब ने आफाक को अस्पताल पहुंचाया.
* पहले से तैयारी के साथ पहुंचे थे आरोपी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, देवांश अपने तीन नाबालिग साथियों के साथ पहले से ही पूरी तैयारी के साथ मौके पर मौजूद था. सूत्र बताते हैं कि उसके साथ मौजूद नाबालिगों में एक ऐसा किशोर भी शामिल था, जिसके खिलाफ पहले से पुलिस थाने में गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं. इससे पुलिस को संदेह है कि हमला पूर्वनियोजित हो सकता है. जांच अधिकारी इस कोण से भी मामले की पड़ताल कर रहे हैं.
* पुलिस ने कुछ युवकों को हिरासत में लिया
मामले की गंभीरता को देखते हुए फ्रेजरपुरा पुलिस ने विभिन्न सुरागों के आधार पर कुछ युवकों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है. पुलिस इन युवकों से पूछताछ कर हमले की पूरी साजिश, विवाद की पृष्ठभूमि और अन्य संभावित आरोपियों के बारे में जानकारी जुटा रही है.
* पुलिस आयुक्त राकेश ओला स्वयं पहुंचे फ्रेजरपुरा थाने
घटना की सूचना मिलते ही शहर पुलिस आयुक्त राकेश ओला स्वयं फ्रेजरपुरा पुलिस थाने पहुंचे. उस समय पुलिस उपायुक्त यशवंत सोलंके, श्याम घुगे तथा थाना प्रभारी रविंद्र राजुरकर पहले से मौजूद थे. पुलिस आयुक्त ने प्रत्यक्षदर्शी आरिब याह्या और मोहम्मद अब्बान से विस्तार से पूछताछ कर पूरी घटना की जानकारी ली तथा आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए. इसके अलावा संबंधित नाबालिग युवती और उसकी सहेली से भी पुलिस द्वारा पूछताछ किए जाने की जानकारी सामने आई है.
* सीसीटीवी फुटेज में कैद हुई पूरी वारदात
राजेंद्र कॉलोनी-विजय कॉलोनी क्षेत्र शहर के प्रमुख और संभ्रांत रिहायशी इलाकों में गिना जाता है. यहां अधिकांश मकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के बाहर सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं. पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सभी कैमरों की फुटेज जब्त कर जांच शुरू कर दी है. सूत्रों के अनुसार, एक महत्वपूर्ण सीसीटीवी कैमरे में पूरी वारदात रिकॉर्ड हुई है. इसी आधार पर पुलिस हमलावरों की पहचान और गिरफ्तारी की दिशा में तेजी से कार्रवाई कर रही है.
* पूरे शहर में सनसनी, आरोपी जल्द गिरफ्त में आने की संभावना
दिनदहाड़े हुई इस निर्मम हत्या ने अमरावती शहर में सनसनी फैला दी है. हथेली का पंजा कट जाने और सरेआम धारदार हथियारों से किए गए हमले की क्रूरता ने लोगों को झकझोर दिया है. फिलहाल फ्रेजरपुरा पुलिस हत्या के कारणों, हमले की पूर्व योजना, शामिल आरोपियों की भूमिका और घटना के सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है. सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को उम्मीद है कि सभी आरोपी जल्द ही कानून के शिकंजे में होंगे. * परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी तक शव नहीं लेने का किया ऐलान
– आफाक की हत्या को बताया सुनियोजित साजिश
वहीं आफाक शेख के परिजनों और रिश्तेदारों सहित ताजनगर परिसरवासियों की आज सुबह से जिला शवागार के सामने जबरदस्त भीड उमडी. आफाक शेख के परिजनों ने आफाक की हत्या को पूर्व नियोजित साजिश बताते हुए कहा कि, जब तक आफाक के हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक आफाक के शव का पोस्टमार्टम नहीं होने दिया जाएगा और शव को अंतिम विधी हेतु अपने कब्जे में भी नहीं लिया जाएगा. इस समय क्षेत्र के पार्षद मो. रेहान उर्फ भल्ला ने आज सुबह घटित हुई वारदात को बेहद दुर्भाग्यजनक बताते हुए कहा कि, मौजुदा दौर में सभी अभिभावकों ने अपने बच्चों की ओर काफी अधिक ध्यान देना चाहिए. ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ती को टाला जा सके.
* आफाक हत्याकांड में चार संदिग्ध पूछताछ हेतु हिरासत में
– संदेहितों में तीन नाबालिगों का भी समावेश
आफाक शेख हत्याकांड को लेकर आज दोपहर बाद मिली जानकारी के मुताबिक, फे्रजरपुरा पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच करते हुए चार संदिग्धों को पुछताछ हेतु अपने हिरासत में लिया है. इन चार संदिग्धों में तीन नाबालिगों का समावेश रहने की भी जानकारी है. जिसके चलते पुलिस ने अभी हिरासत में लिए गए संदिग्धों के नाम व पहचान की जानकारी को उजागर नहीं किया है. मामले में काफी तेज गती के साथ जांच पडताल की जा रही है.





