रालेगांव के कथित मानव तस्करी मामले ने लिया हिंसक मोड
भाजपा द्बारा राजनीतिक मकसद से मामला उठाने की चर्चा

यवतमाल/दि.20- भाजपा जिलाध्यक्ष एड. प्रफुल्ल चौहान ने सनसनीखेज आरोप लगाया है कि पिछले 6 महीनों में जिले की रालेगांव तहसील से 34 आदिवासी लडकियां गायब हो गई है और यह सीधे मानव तस्करी या ‘लव जिहाद’ से जुडा मामला है. इसके बाद, होम और पुलिस डिपार्टमेंट ने हर जगह पूरी जांच की, लेकिन लापता या किडनैप हुई लडकियों की संख्या भाजपा द्बारा बताए गये नंबर से मेल नहीं खाती थी. अब भाजपा के अंदरूनी हलकों में चर्चा है कि भाजपा ने आदिवासी विकास मंत्री प्रो. डॉ. अशोक उईके को शर्मिंदा करने के लिए यह केस उठाया है.
मानव तस्करी का शक पैदा करने वाला एक ‘ऑडीयो क्लीप’ वायरल हुआ है. भाजपा जिलाध्यक्ष और कार्यकर्ताओं ने इस केस को ‘लव जिहाद’ से जोडते हुए रालेगांव में कानून- व्यवस्था का मुद्दा उठाया है. इस घटना के विरोध में सोमवार 20 अप्रैल को अलग- अलग सामाजिक संगठनों और ट्रेड एसोसिएशन द्बारा बुलाये गये रालेगांव बंद ने हिंसक मोड ले लिया . आंदोलनकारियों ने बस स्थानक पर टायर जलाकर संदिग्ध आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की.
इससे पहले रविवार 19 अप्रैल की रात को, भीड ने मामले के मुख्य संदिग्ध मजहर कुरैशी के घर पर पथराव भी किया. इस बार, पुलिस को भीड को हटाने के लिए बल का प्रयोग करना पडा. इसके अलावा, प्रशासन ने कब्जे वाली जमीन परःकुरैशी की एक दुकान को बुलडोजर से गिरा दिया. पुलिस पहले ही कुरैशी के खिलाफ रोकथाम की कार्रवाई कर चुकी है. हालां कि, रालेगांव में अभी भी चर्चा है कि भाजपा इस मामले को गरमाने की कोशिश कर रही है. मामले की गंभीरता को देखते हुए , आदिवासी विकास मंत्री डॉ. अशोक उईके ने भाजपा जिलाध्यक्ष प्रफुल्ल चौहान के साथ रालेगांव का दौरा किया और नागरिकों से शांति बनाए रखने की अपील की. उधर मंत्री उईके ने मीडिया को बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और जल्द ही पूरा मामला सुलझा लिया जाए.





